महराजगंज: गोरखपुर-फैजाबाद खंड शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र के द्विवार्षिक चुनाव को लेकर महराजगंज जिले में चुनावी पारा चढ़ चुका है। शुक्रवार सुबह 8 बजे से शुरू हुए मतदान में शिक्षकों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। शुरुआती घंटों में धीमी रफ्तार के बाद दोपहर होते-होते मतदान का ग्राफ तेजी से ऊपर भागा है। दोपहर 12 बजे तक जिले में कुल 43.31 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया है।
जिला निर्वाचन कार्यालय से प्राप्त आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, जिले में कुल 3,572 पंजीकृत शिक्षक मतदाता हैं। दोपहर 12 बजे तक इनमें से 1,547 मतदाताओं ने अपने मताधिकार का प्रयोग कर लिया था। वोट डालने वालों में पुरुषों का दबदबा रहा, जहां 1,238 पुरुष शिक्षकों ने वोट डाले, वहीं महिला शक्ति भी पीछे नहीं रही और 309 महिला शिक्षकों ने बूथों पर पहुंचकर अपनी उपस्थिति दर्ज कराई।
लक्ष्मीपुर में दिखा सबसे ज्यादा जोश, घुघली रहा फिसड्डी
ब्लॉकवार आंकड़ों पर नजर डालें तो लक्ष्मीपुर केंद्र पर शिक्षकों का सबसे ज्यादा उत्साह देखने को मिला, जहां दोपहर 12 बजे तक सर्वाधिक 53.51 फीसदी वोटिंग हुई। इसके बाद परतावल 52.88 फीसदी और बृजमनगंज 52.32 फीसदी के साथ कड़ी टक्कर दे रहे हैं। अन्य केंद्रों की स्थिति इस प्रकार रही:
- सदर: 48.72%
- मिठौरा: 46.88%
- फरेंदा: 46.75%
- सिसवा: 43.12%
- नौतनवा: 39.82%
- निचलौल: 37.23%
- पनियरा: 36.84%
वहीं, घुघली केंद्र पर मतदान की रफ्तार सबसे धीमी रही, जहां महज 28.46 फीसदी मतदाताओं ने ही अब तक वोट डाले हैं।
प्रशासनिक अमला अलर्ट, डीएम ने खुद संभाली कमान
चुनाव को पूरी तरह निष्पक्ष और शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए प्रशासन ने कमर कसी हुई है। जोनल और सेक्टर मजिस्ट्रेट लगातार बूथों का भ्रमण कर रहे हैं। जिला निर्वाचन अधिकारी और जिलाधिकारी गौरव सिंह सोगरवाल ने खुद फरेंदा मतदान केंद्र का औचक निरीक्षण किया और सुरक्षा व्यवस्थाओं का जायजा लिया। अधिकारियों का साफ कहना है कि मतदान प्रक्रिया में किसी भी प्रकार की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
आजमगढ़ टाइम्स सवाल: शिक्षकों को समाज का “भाग्य विधाता” कहा जाता है, क्या आपको लगता है कि शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से चुने गए प्रतिनिधि वास्तव में शिक्षकों की समस्याओं को सदन में मजबूती से उठा पाते हैं? अपनी राय कमेंट बॉक्स में जरूर दें।
