आजमगढ़ (आजमगढ़ टाइम्स)। जिले के अहरौला थाना क्षेत्र अंतर्गत मेहियापार बाजार में एक शातिर टप्पेबाज ने इंसानियत और लाचारी का फायदा उठाते हुए एक गंभीर रूप से बीमार महिला और उसके पति को अपनी ठगी का शिकार बना लिया। अंधविश्वास और इलाज के नाम पर झांसा देकर जालसाज महिला के कान का सोने का कनफूल लेकर रफूचक्कर हो गया। वारदात की पूरी तस्वीर दुकान में लगे सीसीटीवी (CCTV) कैमरे में कैद हो गई है।
बीमारी का हाल जाना, फिर बिछाया ठगी का जाल
मिली जानकारी के मुताबिक, बुधवार दोपहर लगभग 12:30 बजे एक अज्ञात व्यक्ति मोटरसाइकिल पर सवार होकर मेहियापार बाजार स्थित गुलाबचंद जायसवाल की दुकान पर पहुंचा। वहां उसने बातचीत के दौरान महिला के स्वास्थ्य के बारे में पूछा। इस पर गुलाबचंद ने बताया कि उनकी पत्नी ब्रेन हैमरेज की शिकार हैं और उनका काफी समय से इलाज चल रहा है। आरोप है कि टप्पेबाज ने महिला की इस बीमारी को ही अपनी ठगी का हथियार बना लिया। उसने तुरंत झाड़-फूंक का ढोंग रचा और पानी में फूंक मारकर महिला को पीने को दिया, यह दावा करते हुए कि इससे उसकी बीमारी ठीक हो जाएगी।
पति को रास्ते में छोड़ा, दुकान लौटकर वारदात को दिया अंजाम
इसके बाद आरोपी ने पीड़ित गुलाबचंद को नारियल लाने के बहाने अपनी मोटरसाइकिल पर बैठाया और बाजार की ओर ले गया। रास्ते में उसने चालाकी से गुलाबचंद को एक जगह रुकने के लिए कहा और खुद तुरंत लौटने का झांसा देकर वहां से निकल गया। आरोप है कि ठग सीधा वापस दुकान पर पहुंचा और दुकान पर अकेली मौजूद बीमार महिला को झांसे में लेकर कथित तौर पर उसके कान से सोने का कनफूल उतरवा लिया और मौके से फरार हो गया।
जांच में जुटी अहरौला पुलिस
ठगी का अहसास होने पर पीड़ित गुलाबचंद जायसवाल ने तत्काल अहरौला पुलिस स्टेशन पहुंचकर लिखित शिकायत दर्ज कराई और न्याय की गुहार लगाई। पुलिस को दिए बयान में पीड़ित ने बताया कि दुकान में लगे सीसीटीवी कैमरे में आरोपी की पूरी करतूत दर्ज हो चुकी है। मामले की पुष्टि करते हुए अहरौला थानाध्यक्ष रामकिशोर शर्मा ने कहा कि पीड़ित की शिकायत पर मामला दर्ज कर लिया गया है। पुलिस सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है और आरोपी की पहचान कर उसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीम जुट गई है।
आपकी क्या राय है?
आजमगढ़ में लगातार बढ़ रही इस तरह की टप्पेबाजी की घटनाओं और अनजान लोगों पर अंधविश्वास के चलते भरोसा करने को आप किस तरह देखते हैं? ऐसे शातिर अपराधियों पर लगाम कसने के लिए पुलिस प्रशासन को क्या सख्त कदम उठाने चाहिए? अपनी राय नीचे कमेंट बॉक्स में जरूर साझा करें!
