आजमगढ़। जनपद में कानून-व्यवस्था को दुरुस्त करने और अपराधियों पर शिकंजा कसने के लिए पुलिस का अभियान लगातार जारी है। “आजमगढ़ टाइम्स” की रिपोर्ट के अनुसार, जिले की दीदारगंज, देवगांव और निजामाबाद थाना पुलिस ने अलग-अलग मामलों में त्वरित और असरदार कार्रवाई करते हुए एक तरफ जहां अवैध हथियारों और वांछित आरोपियों को दबोचा है, वहीं दूसरी तरफ साइबर ठगी के शिकार एक नागरिक को उसकी मेहनत की कमाई वापस दिलाई है।
दीदारगंज में अवैध पिस्टल के साथ पकड़ाया विकास यादव
पहला मामला थाना दीदारगंज क्षेत्र का है, जहां चेकिंग के दौरान पुलिस ने विकास यादव नाम के युवक को दबोच लिया। तलाशी लेने पर आरोपी के पास से एक अवैध .32 बोर की पिस्टल और 02 जिंदा कारतूस बरामद हुए हैं। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर उसके खिलाफ संबंधित धाराओं में वैधानिक कार्रवाई शुरू कर दी है।
देवगांव पुलिस के हत्थे चढ़ा किशोरी को भगाने वाला वांछित प्रियांशु
दूसरा मामला थाना देवगांव का है। पुलिस ने किशोरी को कथित रूप से बहला-फुसलाकर भगाने के मामले में वांछित चल रहे आरोपी प्रियांशु को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी पर नाबालिग को अगवा करने का गंभीर आरोप है। पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई से पीड़ित परिवार ने राहत की सांस ली है।
निजामाबाद साइबर टीम की सजगता से बाबूराम यादव को मिले ₹25,000
तीसरी सफलता थाना निजामाबाद की साइबर टीम को मिली है। साइबर ठगी के शिकार हुए पीड़ित बाबूराम यादव ने पुलिस से मदद की गुहार लगाई थी। मामले को गंभीरता से लेते हुए साइबर टीम ने तत्परता दिखाई और तकनीकी कार्यकुशलता के बल पर पीड़ित के ₹25,000 पूरे के पूरे वापस करा दिए। अपना फंसा हुआ पैसा वापस पाकर पीड़ित ने पुलिस की सराहना की है।
पुलिस प्रशासन ने साफ कर दिया है कि जिले में अपराध, अवैध हथियारों की तस्करी और साइबर धोखाधड़ी करने वालों के खिलाफ यह अभियान आगे भी इसी तरह बिना रुके जारी रहेगा।
“आजमगढ़ टाइम्स” का सवाल: क्या आपको लगता है कि साइबर क्राइम के मामलों में आजमगढ़ पुलिस की यह तत्परता अन्य जिलों के लिए भी एक मिसाल है? अपनी राय कमेंट करके जरूर बताएं!
