आजमगढ़ (आजमगढ़ टाइम्स)। जिले में खाकी के नाम पर रसूख और दबंगई दिखाने का एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। दीवानी न्यायालय के एक अधिवक्ता को कार से साइड मारने के बाद पिस्टल दिखाकर जान से मारने और वकालत छोड़ने की धमकी देने का गंभीर आरोप लगा है। पीड़ित वकील की शिकायत पर पुलिस ने दो नामजद और 3 4 अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
प्राप्त जानकारी के मुताबिक, जीयनपुर थाना क्षेत्र के नुरुद्दीनपुर गांव के रहने वाले दीवानी न्यायालय के अधिवक्ता शुभम सिंह बीते 9 अक्टूबर 2026 को दोपहर करीब एक बजे अपने निजी काम से जिला आपूर्ति कार्यालय जा रहे थे। आरोप है कि रास्ते में ‘मां विंध्यवासिनी अनंता निजी औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान’ के पास एक तेज रफ्तार कार ने उनकी गाड़ी को पीछे से जोरदार साइड मार दी।
पीड़ित का आरोप है कि घटना के बाद कार सवारों ने कुछ ही दूरी पर उन्हें जबरन रोक लिया और अभद्र गाली-गलौज करने लगे। विवाद इतना बढ़ा कि दबंगों ने कथित तौर पर उन पर पिस्टल तान दी और जान से मारने की धमकी दी। यही नहीं, आरोपियों ने पीड़ित वकील को वकालत तक छोड़ने की धमकी दी और ऐसा न करने पर गंभीर अंजाम भुगतने की चेतावनी दी। पीड़ित के अनुसार, जिस कार से उन्हें टक्कर मारी गई, उस पर काली फिल्म लगी थी और गाड़ी पर पुलिस का लोगो भी छपा हुआ था। उस कार का नंबर UP 50 CCC 4212 बताया जा रहा है।
अधिवक्ता शुभम सिंह ने पुलिस को दी तहरीर में राहुल सिंह (पुत्र प्रमोद सिंह), प्रद्युम्न सिंह (पुत्र उपेंद्र सिंह) और 3-4 अज्ञात लोगों को नामजद किया है। पीड़ित का यह भी दावा है कि संबंधित आरोपी पूर्व में उनके पिता के साथ भी इस तरह की वारदात को अंजाम दे चुके हैं। उन्होंने अपनी जान को गंभीर खतरा बताते हुए पुलिस से सुरक्षा और आरोपियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है।
पूरे मामले पर पुलिस का कहना है कि पीड़ित अधिवक्ता की शिकायत के आधार पर संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर लिया गया है। पुलिस मामले की जांच में जुटी है और निष्पक्ष जांच के बाद ही आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी.


