आजमगढ़: जिले में अपराधियों और गैंगस्टरों के खिलाफ चलाए जा रहे जीरो टॉलरेंस अभियान के तहत देवगांव थाना पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। काफी समय से पुलिस की आंखों में धूल झोंक रहे गैंगस्टर एक्ट के दो वांछित अभियुक्तों को पुलिस ने घेराबंदी कर गिरफ्तार कर लिया है। पकड़े गए दोनों आरोपी शातिर “विशाल मौर्या गिरोह” के सक्रिय सदस्य बताए जा रहे हैं।
पुलिस से प्राप्त जानकारी के अनुसार, सोमवार सुबह करीब 10:30 बजे पुलिस टीम ने मुखबिर की सूचना पर हाईवे ब्रिज के पास जाल बिछाया। इस दौरान पुलिस ने सत्यम गौड़ और विशाल कुमार को धर दबोचा। गिरफ्तार सत्यम गौड़ कटघर लालगंज (देवगांव) का निवासी है, जबकि विशाल कुमार रामपुर बढौना (मेहनगर) का रहने वाला है। ये दोनों ही लंबे समय से फरार चल रहे थे और पुलिस इनकी तलाश में लगातार दबिश दे रही थी।
क्या है पूरा मामला?
इन अभियुक्तों पर आरोप है कि इन्होंने साल 2024 में जिले के विभिन्न क्षेत्रों में मोटरसाइकिल चोरी और नकबजनी की कई वारदातों को अंजाम दिया था। पुलिस के अनुसार, यह एक संगठित गिरोह है जो सुनियोजित तरीके से अपराध करता है। इनके बढ़ते अपराधों को देखते हुए जून 2026 में जिलाधिकारी के अनुमोदन के बाद इस गिरोह के खिलाफ गैंगस्टर एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया गया था।
पुलिस टीम की बड़ी कार्रवाई
यह पूरी कार्रवाई वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) डॉ. अनिल कुमार के कड़े निर्देशों पर संचालित की गई। गिरफ्तारी करने वाली टीम का नेतृत्व थानाध्यक्ष सुनील कुमार सिंह और निरीक्षक योगेन्द्र सिंह यादव ने किया। पुलिस का कहना है कि इन गिरफ्तारियों से क्षेत्र में सक्रिय वाहन चोर गिरोहों की कमर टूटेगी। फिलहाल पुलिस ने कानूनी कागजी कार्रवाई पूरी कर दोनों आरोपियों को जेल भेज दिया है।
आजमगढ़ टाइम्स की राय: पुलिस की इस मुस्तैदी से अपराधियों में खौफ जरूर पैदा होगा, लेकिन क्या आपको लगता है कि सिर्फ गिरफ्तारी से संगठित अपराध पूरी तरह खत्म हो जाएगा? अपनी राय कमेंट बॉक्स में जरूर दें।
