आजमगढ़। पूर्वांचल के आजमगढ़ जिले में कुदरत का एक बड़ा अलर्ट सामने आया है। चक्रवाती तूफान “अर्णब” के संभावित खतरे को देखते हुए आजमगढ़ जिला प्रशासन पूरी तरह से मुस्तैद और हाई अलर्ट मोड पर आ गया है। प्रशासन की ओर से 28 से 31 अक्टूबर तक जिलेवासियों को विशेष सावधानी और सतर्कता बरतने की हिदायत दी गई है।
अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) की ओर से जारी बयान के मुताबिक, इस दौरान तेज आंधी और मूसलाधार बारिश की संभावना है। प्रशासन ने विशेष रूप से किसानों, पशुपालकों और कच्चे या कमजोर मकानों में रहने वाले लोगों को अतिरिक्त सतर्कता बरतने को कहा है, ताकि किसी भी अप्रिय घटना से बचा जा सके।
तूफान के दौरान क्या करें और क्या न करें:
प्रशासन ने अपील की है कि आकाशीय बिजली चमकने या बादलों की गरज-चमक के समय खुले मैदानों, खेतों, तालाबों और जलस्रोतों से दूर रहें। बारिश और तेज हवाओं के दौरान किसी पक्के भवन में ही शरण लें। भूलकर भी बड़े पेड़ों, बिजली के खंभों, जर्जर मकानों या कमजोर छतों के नीचे खड़े न हों। खराब मौसम के दौरान अनावश्यक रूप से घर से बाहर निकलने से बचें और बच्चों व बुजुर्गों को पूरी तरह सुरक्षित स्थानों पर रखें।
आपात स्थिति में इन नंबरों पर करें संपर्क:
अगर आपके इलाके में किसी प्रकार की जनहानि, पशुहानि, फसल क्षति अथवा मकान के नुकसान की घटना होती है, तो तुरंत जिला आपदा नियंत्रण कक्ष और संबंधित राजस्व अधिकारियों को सूचित करें। प्रशासन ने इसके लिए निम्नलिखित संपर्क सूत्र जारी किए हैं:
मोबाइल नंबर: 9454417172
लैंडलाइन नंबर: 05462-297551, 05462-297558, 05462-297559
टोल फ्री नंबर: 1077
इसके साथ ही मौसम से जुड़ी पल-पल की ताजा जानकारी के लिए भारतीय मौसम विज्ञान विभाग के “मौसम ऐप”, किसानों के लिए “मेघदूत ऐप” और वज्रपात की पूर्व चेतावनी पाने के लिए “दामिनी ऐप” को अपने मोबाइल में डाउनलोड करने की सलाह दी गई है।
आजमगढ़ टाइम्स की पाठकों से अपील: क्या आपके गांव या कस्बे में तूफान से बचाव के लिए प्रशासन की कोई तैयारी नजर आ रही है? क्या आपकी फसलें सुरक्षित हैं? अपनी राय और अपने इलाके का हाल कमेंट बॉक्स में जरूर साझा करें!
