आजमगढ़। जिले के सहकारिता विभाग में उस वक्त हड़कंप मच गया, जब महकमे के उच्च अधिकारियों ने लापरवाही और कार्य में धांधली के मामले में कड़ा रुख अपनाया। आजमगढ़ में सहकारी समिति के दो सचिवों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है, जबकि 15 अन्य कर्मचारियों को “कारण बताओ” नोटिस थमा दिया गया है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, जिले की विभिन्न सहकारी समितियों में कार्य के प्रति लापरवाही बरतने और कथित तौर पर अनियमितताएं करने की शिकायतें लगातार मिल रही थीं। विभागीय जांच के बाद उच्च अधिकारियों के निर्देश पर यह बड़ी अनुशासनात्मक कार्रवाई की गई है। निलंबित किए गए दोनों सचिवों पर आरोप है कि उन्होंने अपने पदीय दायित्वों का सही ढंग से निर्वहन नहीं किया, जिससे किसानों और आम जनता को परेशानियों का सामना करना पड़ा।
इसके साथ ही, विभागीय कार्यों में ढिलाई बरतने वाले 15 अन्य सचिवों व कर्मचारियों को भी नोटिस जारी कर तय समय सीमा के भीतर स्पष्टीकरण देने का निर्देश दिया गया है। विभागीय अधिकारियों का कहना है कि यदि इनका जवाब संतोषजनक नहीं पाया गया, तो इनके खिलाफ भी कड़ी दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।
सहकारिता विभाग की इस बड़ी कार्रवाई के बाद जिले के प्रशासनिक महकमे में खलबली मच गई है। विभाग का साफ संदेश है कि जनहित के कार्यों में किसी भी तरह की लापरवाही या भ्रष्टाचार को कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
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