Sun, Nov 8, 2026 Updated 01:40 AM IST
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डीएवी पीजी कॉलेज में गूंजी आजमगढ़ के युवाओं की आवाज! ‘युवा नीति संवाद 2026’ में रोजगार, खेल और डिजिटल क्रांति पर 500 से अधिक युवाओं ने रखा अपना विजन

6 days पहले

आजमगढ़। जिले के प्रतिष्ठित डीएवी पीजी कॉलेज परिसर में ‘उत्तर प्रदेश युवा नीति संवाद 2026’ के तीसरे अध्याय का भव्य आयोजन संपन्न हुआ। ‘हाउस ऑफ पॉलिटिकल एंपावरमेंट रिसर्च एंड इनोवेशन फाउंडेशन’ (होप) की इस खास पहल पर आयोजित कार्यक्रम में आजमगढ़ और आसपास के इलाकों से आए 500 से अधिक युवाओं ने हुंकार भरी। इस संवाद कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य प्रदेश की भावी नीतियों में युवाओं की जरूरतों और उनकी आकांक्षाओं को सीधे तौर पर शामिल करना रहा।

मंच से बोलते हुए होप संस्था के संस्थापक और दिल्ली विश्वविद्यालय के प्रोफेसर डॉ. दिग्विजय सिंह ने कहा कि युवाओं की शक्ति ही राज्य और राष्ट्र की असली ताकत है। उन्होंने स्पष्ट किया कि युवा नीति का निर्माण सिर्फ कमरों में बैठकर नहीं, बल्कि ग्रामीण और जमीनी युवाओं के विचारों को केंद्र में रखकर होना चाहिए। संस्था पूरे उत्तर प्रदेश के हर जिले में जाकर युवाओं की अपेक्षाओं को सरकार और नीति निर्माताओं तक पहुंचाने का काम करेगी।

कार्यक्रम के दौरान ग्रामीण अंचल से आए युवाओं ने खेल के मैदानों की कमी, कौशल विकास केंद्रों का दायरा बढ़ाने और स्थानीय स्तर पर रोजगार के नए अवसर पैदा करने की जोरदार मांग उठाई। चर्चा में मुख्यमंत्री अभ्युदय योजना और राज्य में प्रस्तावित ‘उत्तर प्रदेश राज्य युवा आयोग’ के गठन को युवाओं के उज्जवल भविष्य के लिए एक मील का पत्थर बताया गया।

कानूनी और डिजिटल जागरूकता पर जोर देते हुए सिविल कोर्ट बार एसोसिएशन आजमगढ़ के उपाध्यक्ष रवि प्रताप सिंह और एडवोकेट नीरज द्विवेदी ने युवाओं से इंटरनेट व सोशल मीडिया का सकारात्मक उपयोग करने की अपील की। वक्ताओं का कहना था कि डिजिटल माध्यमों का इस्तेमाल ज्ञान संवर्धन, नए कौशल सीखने और करियर को आगे बढ़ाने में होना चाहिए, न कि समय गंवाने में। प्रस्तावित युवा आयोग जैसे मंच युवाओं की समस्याओं के त्वरित समाधान में अहम भूमिका निभाएंगे।

वहीं महिला सशक्तिकरण और सुरक्षा के मुद्दे पर डॉ. पूनम ने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि ‘मिशन शक्ति’ ने प्रदेश में महिलाओं के प्रति सोच और उनके भविष्य को बदलने का काम किया है। उन्होंने दावा किया कि प्रदेश सरकार द्वारा माफिया और अपराध के खिलाफ चलाई जा रही सख्त मुहिम से युवाओं को एक सुरक्षित और भयमुक्त माहौल मिला है, जिससे वे बिना किसी डर के आगे बढ़ रहे हैं।

आजमगढ़ टाइम्स की जनता से राय:
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