आजमगढ़ टाइम्स एक्सक्लूसिव: जिले के सिधारी इलाके में प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के लाभार्थी इन दिनों भीषण प्रशासनिक और तकनीकी लापरवाही का दंश झेल रहे हैं। खबर है कि पिछले कई महीनों से पीएम-किसान योजना की आधिकारिक वेबसाइट ठप पड़ी है, जिसके कारण क्षेत्र के सैकड़ों किसान दर-दर भटकने को मजबूर हैं।
स्थानीय किसानों का कहना है कि पोर्टल न चलने की वजह से न तो नया किसान पंजीकरण हो पा रहा है और न ही पुराने खातों का स्टेटस चेक हो पा रहा है। इतना ही नहीं, परिवार के मुख्य सदस्य की मृत्यु के बाद नाम संशोधन, ई-केवाईसी (e-KYC) और अधूरे दस्तावेजों को अपडेट कराने जैसी बेहद जरूरी प्रक्रियाएं भी पूरी तरह से ठप हैं।
गांव और ब्लॉक स्तर पर सुनवाई नहीं: किसानों का आरोप है कि जिन समस्याओं का समाधान गांव, ब्लॉक या तहसील स्तर पर हो जाना चाहिए था, उनके लिए भी उन्हें जिला कृषि विभाग के चक्कर काटने पड़ रहे हैं। सिधारी से जिला मुख्यालय तक आने-जाने में किसानों का न सिर्फ कीमती समय बर्बाद हो रहा है, बल्कि उनकी गाढ़ी कमाई का पैसा भी बिना वजह पानी की तरह बह रहा है।
सिधारी क्षेत्र के आक्रोशित किसानों ने जिला प्रशासन और शासन से गुहार लगाई है कि पोर्टल की तकनीकी कमियों को तत्काल दूर कराया जाए और स्थानीय स्तर पर ही समस्याओं के निस्तारण की व्यवस्था की जाए, ताकि पात्र किसानों को समय पर किसान सम्मान निधि की किस्त मिल सके।
जनता से सवाल: क्या आपके क्षेत्र में भी पीएम-किसान योजना का लाभ लेने या पोर्टल अपडेट कराने में दिक्कत आ रही है? क्या ब्लॉक स्तर के अधिकारी आपकी सुनवाई कर रहे हैं? नीचे कमेंट बॉक्स में अपनी राय जरूर दें और इस खबर को ज्यादा से ज्यादा शेयर करें!
